हैकर्स के आगे बैंकों की तकनीक फेल, लिमिट के बाद भी एटीएम कार्ड से उड़ाए तीन लाख रुपए

- मानसरोवर में एचडीएफसी के एटीएम पर महिला से हुई वारदात,  धोखाधड़ी का मामला दर्ज


जस्ट टुडे
जयपुर।
बैंकों की लापरवाही के चलते तकनीक अब ग्राहकों के लिए टेंशन बन गई है। ग्राहक एटीएम से पैसे निकालने इसलिए जाता है कि बैंक में उसे लाइन में ना लगना पड़े। लेकिन, हैकर्स इसका फायदा उठाकर ग्राहकों को दिनदहाड़े लूट रहे हैं। बैंक की लापरवाही का ऐसा ही मामला शुक्रवार को मानसरोवर में दिखा। यहां पर एक महिला एटीएम से पैसे निकालने गई, वहां पर एक अजनबी ने उनका कार्ड चुपचाप बदल लिया और चला गया। कुछ ही मिनटों में महिला के खाते से करीब तीन लाख पांच हजार रुपए उड़ गए। यहां गौर करने वाली बात यह है कि जब ग्राहक एटीएम से पैसे निकालने जाता है तो लिमिट के हिसाब से एक दिन में बीस हजार या अधिकतम पचास हजार रुपए ही निकाल सकता है। फिर हैकर्स ने एक ही झटके में तीन लाख पांच हजार रुपए कैसे निकाल लिए। इससे साफ है कि हैकर्स की तकनीक के आगे बैंकों की तकनीक काफी पीछे  है। महिला ने इस सम्बंध में वरुण पथ स्थित मानसरोवर थाने में धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया है। 

और कुछ ही मिनटों में तीन लाख से ज्यादा पार

जानकारी के अनुसार मानसरोवर में स्वर्ण पथ निवासी पूर्वा अग्रवाल शुक्रवार शाम करीब 7:15 बजे सेक्टर 30-31 स्थित एचडीएफसी बैंक के एटीएम पर गई। वहां पर अज्ञात व्यक्ति ने धोखे से उनका कार्ड बदल लिया और चुपचाप चला गया। थोड़ी ही देर में उनके मोबाइल पर एचडीएफसी बैंक खाते से राशि डिबेट होने का मैसेज आया। इसके बाद दूसरा मैसेज भी आया। अज्ञात हैकर्स ने दो बार में उनके खाते से करीब तीन लाख पांच हजार रुपए निकाल लिए। इसी दौरान महिला ने समझदारी दिखाते हुए अपनी शेष राशि दूसरे अकाउंट में ट्रांसफर कर दी। महिला ने मैसेज की प्रति देते हुए मानसरोवर थाने में धोखाधड़ी का मामला दर्ज कराया है। रिपोर्ट में उन्होंने आरोपी को पकडऩे और राशि वापस दिलाने को कहा है। 


Popular posts from this blog

सांगानेर सिंधी पंचायत और सिंधी ब्रह्म खत्री ने त्रिलोक महाराज को हटाया

केन्द्र सरकार से पैसा अटका, सीईटीपी प्लांट तीन साल से लटका...अब प्रदूषण मंडल ने कोर्ट से दिया झटका

व्यापार महासंघ, सांगानेर के पूर्व पदाधिकारियों की मीटिंग से जन्मा नया विवाद, एक पदाधिकारी ने चुनाव पर सहमति होना बताया तो दूसरों ने किया इससे इनकार