न्यूजीलैंड ने दी कोरोना को मात...भारत में अभी भी दो-दो हाथ

जस्ट टुडे
नई दिल्ली। यूं तो भारत और न्यूजीलैण्ड में करीब 12 हजार किमी. का फासला है। जनसंख्या की बात की जाए तो भारत में 135 करोड़ आबादी है, वहीं न्यूजीलैण्ड की सिर्फ 50 लाख ही है। इस हिसाब से इनकी तुलना करना बेमानी है, फिर भी दोनों देशों ने कोरोना संकट के चलते एक ही दिन लॉकडाउन लगाया था। ऐसें में दोनों ही जगह लॉकडाउन का एक महीना पूरा हो गया है। ऐसे में कोरोना को लेकर दोनों देशों के जमीनी हालात कैसे हैं, यह आप भी जानिए?

कम आबादी से मिला फायदा, भारत में बढ़ेगा लॉकडाउन


न्यूजीलैण्ड के ऑकलैण्ड शहर में लॉकडाउन में ढील के बाद सड़कों पर दौडऩे लगी गाडिय़ां।
हालांकि, सिर्फ जरूरी कार्यों के लिए ही ढील दी गई है। 


न्यूजीलैण्ड की प्रधानमंत्री जेसिंडा आर्डर्न ने दो दिन पहले कहा था कि उनका देश कोरोना वायरस से लड़ाई जीत गया है। उनका कहना था कि हम इकॉनोमी खोल रहे हैं, लेकिन, लोगों की सोशल लाइफ को नहीं खोल रहे। वहीं भारत में 3 मई के बाद भी हॉटस्पॉट वाले इलाकों में लॉकडाउन बढ़ाने की तैयारी चल रही है। वर्तमान में देश में 170 से ज्यादा क्षेत्र हॉटस्पॉट हैं। न्यूजीलैंड को अपनी कम आबादी के चलते कोरोना से निपटने में बहुत फायदा मिला है। पिछले 15 दिन से वहां रोज 20 से भी कम मरीज आ रहे हैं। 28 अप्रेल तक वहां 1472 केस आ चुके हैं, जिसमें से अब सिर्फ 239 केस ही एक्टिव हैं, जबकि 19 लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं भारत में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा 31 हजार के पार पहुंच गया है। यहां अब तक 1 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है।


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