लॉकडाउन में आखिर कौन कर रहा कोरोना के ब्रेकडाउन

अजमेर रोड और वैशाली नगर सहित कई कॉलोनियों में अब तक1000 मकानों को कर चुके सेनेटाइज


जस्ट टुडे
वैशाली नगर। कोरोना महामारी जहां दुनिया में त्राहि-त्राहि मचा रही है। वहीं राजधानी जयपुर में रोजाना बढ़ते मरीजों ने जनता के साथ ही सरकार की भी चिंता बढ़ा दी है। ऐसे में सरकार तो अपने स्तर पर इस कोरोना से युद्ध कर ही रही है, वहीं जयपुर में विभिन्न सामाजिक संगठन और सेवाभावी लोग भी अपने स्तर पर इससे निपटने में लगे हुए हैं।


कुछ ऐसे ही सेवाभावी लोगों का एक समूह जयपुर के पॉश क्षेत्र वैशाली नगर का भी है, जो लॉकडाउन के दिन से ही कोरोना को हराने के लिए पूरी मशक्कत से लगा हुआ है।

लॉकडाउन का पालन करने की भी देते हैं नसीहत


वैशाली नगर स्थित प्रतापनगर कॉलोनी के सचिव तरुण भारत वाधवा ने बताया कि यह सेवा भावी समूह लॉकडाउन से लेकर अब तक अजमेर रोड और वैशालीनगर, नेमीसागर, ग्रीन पार्क, प्रतापनगर और वीर विहार सहित कई कॉलोनियों के हजारों मकानों को सेनेटाइज कर चुके हैं। यह समूह हर दिन नई उमंग और उत्साह के साथ नई-नई कॉलोनियों में जाते हैं और मकानों को सेनेटाइज करने के साथ ही लोगों से लॉकडाउन का पालन करने की अपील करते हैं।
 
इसलिए किया शुरू

इस समूह का कहना है कि ज्यादातर सामाजिक संगठन भोजन और दवा की व्यवस्था कर रहे हैं, ऐसे में जरूरतमंदों के पास ये दोनों सामग्री आराम से पहुंच रही हैं, ऐसे में हमने कॉलोनियों को सेनेटाइज करने का विचार आया। क्योंकि, पूरा विश्व कोरोना को हराने में लगा हुआ है। यदि कोरोना ही नहीं रहेगा तो फिर कोई दिक्कत नहीं होगी। इसलिए हम सेनेटाइज कर कॉलोनियों को सुरक्षा कवच उपलब्ध करवा रहे हैं, जिससे कोरोना से ये कॉलोनियां अभेद्य रहें। 


ये लोग कर रहे सेनेटाइज


मुकेश जांगिड़, सुधीर जोनवाल, चन्द्रेश भारद्वाज, धर्मेन्द्र गुप्ता, अमित, गोविन्द सैनी, नीरज नाटाणी, महेन्द्र अग्रवाल, सिद्धांत और अनिल कुमार जैन सहित कई सेवाभावी लोग रोजाना कॉलोनियों को सेनेटाइज करने का कार्य कर रही हैं। 


 


 


Popular posts from this blog

सांगानेर सिंधी पंचायत और सिंधी ब्रह्म खत्री ने त्रिलोक महाराज को हटाया

केन्द्र सरकार से पैसा अटका, सीईटीपी प्लांट तीन साल से लटका...अब प्रदूषण मंडल ने कोर्ट से दिया झटका

व्यापार महासंघ, सांगानेर के पूर्व पदाधिकारियों की मीटिंग से जन्मा नया विवाद, एक पदाधिकारी ने चुनाव पर सहमति होना बताया तो दूसरों ने किया इससे इनकार